बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़ हाइकोर्ट किया तलब

बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़ हाइकोर्ट किया तलब

बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़ हाइकोर्ट किया तलब, हाईकोर्ट ने सुनवाई करते हुए सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी से पांच अक्तूबर तक मांगी जानकारी

इलाहाबाद। बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में व्यापक अनियमितता को लेकर दाखिल याचिका पर हाईकोर्ट ने सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी से जानकारी तलब की है। कोर्ट ने उनको पांच अक्तूबर तक मामले की पूरी जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। जानकारी नहीं देने पर उनको पूरी पत्रावली के साथ कोर्ट में उपस्थित होना होगा।

बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़

विकास और 31 अन्य की याचिका पर न्यायमूर्ति संगीता चंद्रा सुनवाई कर रही हैं। याचिका पर अधिवक्ता आशीष कुमार सिंह ने पक्ष रखा। याचिका में कहा गया है कि बीटीसी तीसरे सेमेस्टर का परिणाम 18 सितंबर 2018 को जारी हुआ। इसमें करीब 9000 छात्र फेल हो गए। इसके अलावा कई छात्र ऐसे हैं जिनको प्राप्तांक अधिकतम निर्धारित 25 अंकों से भी अधिक हैं।

परीक्षा परिणाम जारी करने में विवेक का प्रयोग नहीं किया गया। याचीगण का कहना है कि चौथे सेमेस्टर की परीक्षा आठ अक्तूबर से होनी है। याचीगण को तीसरे सेमेस्टर में फेल दिखाया गया है। कोर्ट का कहना था कि यदि याचीगण का आरोप सही पाया जाता है तो सचिव को याचीगण और अन्य फेल छात्रों की चौथे सेमेस्टर की परीक्षा अलग से करानी होगी। याचिका पर अगली सुनवाई पांच अक्तूबर को होगी।

आपको बताते चले कि यदि बात इतनी सी ही नही है यदि यह छात्र परीक्षा में पास नही हुए तो वह आगामी शिक्षक पत्रता परीक्षा से भी बाहर हो जायेंगे जिस कारण बड़ी तादाद में छात्र आपने भविष्य को लेकर परेशान है बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली

बीटीसी 2015 सेमेस्टर परिणाम, छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़

बीटीसी 2015 की तीसरी सेमेस्टर परीक्षा में 83 प्रतिशत प्रशिक्षु सफल रहे। मई के दूसरे सप्ताह में 76607 उम्मीदवारों में से 63574 (82.98 प्रतिशत) परीक्षा में शामिल थे। सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकरण अनिल भूषण चतुर्वेदी ने शनिवार की शाम को परिणामों की घोषणा की।

परीक्षा में 12770 उम्मीदवार विफल रहे हैं, 260 का नतीजा अधूरा है, जबकि 9 3 अनुपस्थित हैं। बीटीसी -15 दूसरे सेमेस्टर (आंशिक) में, 4774 उम्मीदवारों के बीच 3030 पास हैं। 1743 विफल रहे जबकि 33 अनुपस्थित थे। शेष 1263 उम्मीदवारों में से शेष सेमेस्टर में 357 पास हैं और 891 विफल हैं।

उम्मीदवार तीसरे सेमेस्टर के परिणामों के लिए आंदोलन कर रहे थे। प्रशिक्षुओं का कहना है कि उनका सत्र 22 सितंबर को पूरा हो रहा है। समय-समय पर पाठ्यक्रम पूरा नहीं करने के कारण, वे अगले वर्ष की 95 हजार से अधिक पदों की भर्ती से बाहर होंगे। बीटीसी 2015 के परीक्षा परिणाम में धांधली

बीटीसी 2015 की घोषणा के तीसरे सेमेस्टर के नतीजों के बाद, प्रशिक्षु चौथी सेमेस्टर परीक्षा की तारीख जारी करने की मांग कर रहे हैं। संयुक्त प्रशिक्षु मोर्चा के बैनर के तहत प्रशिक्षुओं ने शनिवार को सचिव अनिल भूषण चतुर्वेदी से मुलाकात की और परीक्षा की तारीख को रिहा करने की मांग की। राज्य अध्यक्ष सर्वेश प्रताप सिंह, अभिषेक सिंह, निरंजन सिंह, अश्विनी सिंह, अमित तिवारी, राजू सिंह, विक्रम यादव, अज़ीज़ुल बेग, श्वेता, रांषिका इत्यादि ने कहा कि यदि चौथी सेमेस्टर परीक्षा आयोजित नहीं की जाती है तो वे अगली भर्ती से बाहर होंगे । छात्रो के भविष्य के साथ खिलवाड़

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